2.1 चित्तं मन्त्रः ॥१॥ cittaṃ mantraḥ sūtra cittam — चित्त — (परम तत्त्व में लीन) चित्त (नपुं. एकवचन) ; mantraḥ — मन्त्र — मन्त्र (पुं. एकवचन) (परम तत्त्व में लीन) चित्त ही मन्त्र है।